Mantra.Tips
दुर्गा सप्तशती 8.48

अध्याय 8, श्लोक 48

अध्याय 8: Raktabīja Vadhaरक्तबीजवध

शक्त्या जघान कौमारी वाराही तथासिना माहेश्वरी त्रिशूलेन रक्तबीजं महासुरम्

🔊 किसी भी शब्द को सुनने के लिए टैप करें — या पूरा श्लोक सुनने के लिए ▶ दबाएँ

लिप्यंतरण

śaktyā jaghāna kaumārī vārāhī ca tathāsinā māheśvarī triśūlena raktabījaṃ mahāsuram

अर्थ

कौमारी ने शक्ति से, वाराही ने खड्ग से, और माहेश्वरी ने त्रिशूल से महान् असुर रक्तबीज पर प्रहार किया।

इस श्लोक को साझा करें
Share:

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दुर्गा सप्तशती 8.48 का अर्थ क्या है?
कौमारी ने शक्ति से, वाराही ने खड्ग से, और माहेश्वरी ने त्रिशूल से महान् असुर रक्तबीज पर प्रहार किया।
यह श्लोक दुर्गा सप्तशती के किस अध्याय का है?
यह श्री दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य) के अध्याय 8 (Raktabīja Vadha — रक्तबीज वध) का 48वाँ श्लोक है।