अध्याय 8, श्लोक 36
अध्याय 8: Raktabīja Vadha — रक्तबीजवधनखैर्विदारितांश्चान्यान् भक्षयन्ती महासुरान् । नारसिंही चचाराजौ नादापूर्णदिगम्बरा ॥
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लिप्यंतरण
nakhairvidāritāṃścānyān bhakṣayantī mahāsurān nārasiṃhī cacārājau nādāpūrṇadigambarā
अर्थ
अन्य महान् असुरों को नखों से विदीर्ण कर भक्षण करती हुई नारसिंही रणभूमि में विचरने लगीं, उनकी गर्जना से दिशाएँ भर गईं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
दुर्गा सप्तशती 8.36 का अर्थ क्या है?▼
अन्य महान् असुरों को नखों से विदीर्ण कर भक्षण करती हुई नारसिंही रणभूमि में विचरने लगीं, उनकी गर्जना से दिशाएँ भर गईं।
यह श्लोक दुर्गा सप्तशती के किस अध्याय का है?▼
यह श्री दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य) के अध्याय 8 (Raktabīja Vadha — रक्तबीज वध) का 36वाँ श्लोक है।