अध्याय 8, श्लोक 19
अध्याय 8: Raktabīja Vadha — रक्तबीजवधनारसिंही नृसिंहस्य बिभ्रती सदृशं वपुः । प्राप्ता तत्र सटाक्षेपक्षिप्तनक्षत्रसंहतिः ॥
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लिप्यंतरण
nārasiṃhī nṛsiṃhasya bibhratī sadṛśaṃ vapuḥ prāptā tatra saṭākṣepakṣiptanakṣatrasaṃhatiḥ
अर्थ
नृसिंह के समान शरीर धारण किए नारसिंही, अपनी अयाल झटकने से नक्षत्र-समूहों को बिखेरती हुई, वहाँ आईं।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
दुर्गा सप्तशती 8.19 का अर्थ क्या है?▼
नृसिंह के समान शरीर धारण किए नारसिंही, अपनी अयाल झटकने से नक्षत्र-समूहों को बिखेरती हुई, वहाँ आईं।
यह श्लोक दुर्गा सप्तशती के किस अध्याय का है?▼
यह श्री दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य) के अध्याय 8 (Raktabīja Vadha — रक्तबीज वध) का 19वाँ श्लोक है।