अध्याय 3, श्लोक 39
अध्याय 3: Mahiṣāsura Vadha — महिषासुरवधअर्धनिष्क्रान्त एवासौ युध्यमानो महासुरः । तया महासिना देव्या शिरश्छित्त्वा निपातितः ॥
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लिप्यंतरण
ardhaniṣkrānta evāsau yudhyamāno mahāsuraḥ tayā mahāsinā devyā śiraśchittvā nipātitaḥ
अर्थ
इस प्रकार आधा ही निकला हुआ युद्ध करता वह महान् असुर देवी द्वारा महाखड्ग से सिर काटकर गिरा दिया गया।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
दुर्गा सप्तशती 3.39 का अर्थ क्या है?▼
इस प्रकार आधा ही निकला हुआ युद्ध करता वह महान् असुर देवी द्वारा महाखड्ग से सिर काटकर गिरा दिया गया।
यह श्लोक दुर्गा सप्तशती के किस अध्याय का है?▼
यह श्री दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य) के अध्याय 3 (Mahiṣāsura Vadha — महिषासुर वध) का 39वाँ श्लोक है।