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दुर्गा सप्तशती 9.8

अध्याय 9, श्लोक 8

अध्याय 9: Niśumbha Vadhaनिशुम्भवध

चिच्छेदास्ताञ्छरांस्ताभ्यां चण्डिका स्वशरोत्करैः ताडयामास चाङ्गेषु शस्त्रौघैरसुरेश्वरौ

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लिप्यंतरण

cicchedāstāñcharāṃstābhyāṃ caṇḍikā svaśarotkaraiḥ tāḍayāmāsa cāṅgeṣu śastraughairasureśvarau

अर्थ

चण्डिका ने उन दोनों के छोड़े उन बाणों को अपने बाण-समूहों से काट डाला, और शस्त्र-समूहों से दोनों असुरराजों के अंगों पर प्रहार किया।

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

दुर्गा सप्तशती 9.8 का अर्थ क्या है?
चण्डिका ने उन दोनों के छोड़े उन बाणों को अपने बाण-समूहों से काट डाला, और शस्त्र-समूहों से दोनों असुरराजों के अंगों पर प्रहार किया।
यह श्लोक दुर्गा सप्तशती के किस अध्याय का है?
यह श्री दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य) के अध्याय 9 (Niśumbha Vadha — निशुम्भ वध) का 8वाँ श्लोक है।