अध्याय 8, श्लोक 7
अध्याय 8: Raktabīja Vadha — रक्तबीजवधआयान्तं चण्डिका दृष्ट्वा तत्सैन्यमतिभीषणम् । ज्यास्वनैः पूरयामास धरणीगगनान्तरम् ॥
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लिप्यंतरण
āyāntaṃ caṇḍikā dṛṣṭvā tatsainyamatibhīṣaṇam jyāsvanaiḥ pūrayāmāsa dharaṇīgaganāntaram
अर्थ
उस आती हुई अत्यन्त भयंकर सेना को देखकर चण्डिका ने अपनी धनुष-प्रत्यंचा के नाद से पृथ्वी और आकाश के बीच का भाग भर दिया।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
दुर्गा सप्तशती 8.7 का अर्थ क्या है?▼
उस आती हुई अत्यन्त भयंकर सेना को देखकर चण्डिका ने अपनी धनुष-प्रत्यंचा के नाद से पृथ्वी और आकाश के बीच का भाग भर दिया।
यह श्लोक दुर्गा सप्तशती के किस अध्याय का है?▼
यह श्री दुर्गा सप्तशती (देवी माहात्म्य) के अध्याय 8 (Raktabīja Vadha — रक्तबीज वध) का 7वाँ श्लोक है।