ॐ मणि पद्मे हूं PDF
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ॐ मणि पद्मे हूं
Om Ma-ni Pad-me Hum
'ॐ मणि पद्मे हूं' — इसका सरल शब्दानुवाद सम्भव नहीं; इसका सार है 'कमल में मणि' — अर्थात् अवलोकितेश्वर की करुणा एवं प्रज्ञा; समस्त प्राणियों के प्रति करुणा और बोधि की कामना इसमें निहित है।